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Saturday, July 29, 2017

चिप्स के डिब्बे में निकल आया किंग कोबरा, फिर...


'पोटैटो चिप्स' के पैकेट के अंदर चिप्स से ज्यादा हवा भरी रहती है लेकिन अब 'पोटैटो चिप्स केन' के अंदर से रंग बिरंगे जीव निकलें तो घबराइएगा मत। हो सकता है केन खोलते ही आपको इच्छाधारी नागिन और रंग बिरंगे जहरीले जीवों का दर्शन हो जाएं।

पोटैटो चिप्स की केन को खोलने पर अगर डिब्बे में से चिप्स की जगह दुनिया का सबसे जहरीला सांप निकल आए तो ये वाकया किसी के भी होश उड़ाने के लिए काफी होगा। दरअसल अमेरिका के कैलिफोर्निया शहर में कुछ ऐसा ही हुआ जहां कस्टम एजेंटों ने पोटैटो चिप्स के केन से तीन जिंदा किंग कोबरा बरामद किए हैं।

रोड्रिगो फ्रेन्को नाम के एक शख्स के पास से 2-2 फिट लंबे 3 कोबरा के अलावा तीन चीनी कछुए भी बरामद हुए हैं। जीवों से भरा ये पैकेट हांगकांग से भेजा गया था।

चिप्स पैकेट में कोबरा, कछुए और दूसरे जीवों की फौज

लोग तस्करी के लिए क्या-क्या नहीं करते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ये मामला अमेरिका के कैलिफोर्निया शहर का है जहां कस्टम एजेंटों ने पोटैटो केन से तीन जिंदा किंग कोबरा बरामद किए।

इनको तस्करी कर लाया गया था। यही नहीं जब कस्टम अधिकारियों ने रोड्रिगो फ्रेन्कों की घर की तलाशी ली तो उसके घर में एक टैंक से मगरमच्छ, घड़ियाल, कई किस्म के कछुए बरामद हुए। पूछताछ में रोड्रिगो फ्रेन्को ने इस बात को स्वीकार किया कि इससे पहले वह 20 किंग कोबरा ला चुका है लेकिन ये सभी रास्ते में ही मर गए थे।

source: firkee.in

Friday, July 28, 2017

मिस्ट्री नहीं, ह्यूमन एरर्स से बना है 'बरमूडा ट्रायंगल'


बरमूडा ट्रांयगल को रहस्यमयी जगह माना जाता है। यहां बीते 70 सालों से जहाजों और विमानों के गायब होने के बाद यह अंधविश्वास पूरी दुनिया में फैला है कि यहां कोई रहस्य है। मगर, अब एक ऑस्ट्रेलियाई साइंटिस्ट ने दावा किया है कि बरमूडा ट्रांयगल में कोई रहस्य नहीं है।

क्या है डॉक्टर कार्ल का दावा?
वेबसाइट के एक बयान से डॉक्टर कार्ल क्रूजेलनेकी ने बताया कि बरमूडा ट्रांयगल में गायब हुए विमानों की संख्या उतनी ही है, जितनी दुनिया के किसी भी हिस्से में प्रतिशत के आधार पर होती है। इसका एलियंस या लापता हो गए अटलांटिस शहर के फायर क्रिस्टल से कुछ भी लेना देना नहीं है। इसके बजाय उनका मानना है कि इस क्षेत्र में गायब हुए लोगों के लिए मानवीय त्रुटि जिम्मेदार है।

क्या है बरमूडा ट्रायंगल?
बरमूडा ट्रायंगल फ्लोरिडा से प्यूरो रीको तक फैला हुआ सात लाख वर्ग किलोमीटर का समुद्री इलाका हैए जो उत्तर अटलांटिक महासागर में बरमूडा के द्वीप तक फैला है। पिछले 100 सालों में दुनिया के इस रहस्यमयी हिस्सा में कम से कम 20 विमानों और 50 जहाज लापता हो चुके हैं। इनमें करीब 1000 लोग मारे गए हैं। उन्होंने कहा कि बरमूडा ट्रांयगल एक बड़ा सात लाख वर्ग किलोमीटर के समुद्री इलाके को कवर करता है। यह समुद्र का विशेष रूप से सबसे व्यस्त पैच है। यह दुनिया के एक अमीर भाग अमेरिका के पास भूमध्य रेखा के करीब है, जहां से काफी ट्रैफिक गुजरता है। वह बातों को ध्यान में रखते हुएए जब बरमूडा ट्रायंगल से बड़ी संख्या में गुजरने वाले जहाजों और विमानों की तुलना लापता हुए विमानों और जहाजों से करेंगे, तो पाएंगे कि इस क्षेत्र के बारे में कुछ भी असामान्य नहीं है।

source: inextlive.jagran.com

Wednesday, July 26, 2017

इस शख्स की हैं 25 पत्नियां और 146 बच्चे, अब अदालत सुनाएगी सजा


कनाडा की एक अदालत ने सोमवार को अपने ऐतिहासिक फैसले में देश में बहुविवाह की प्रथा पर प्रतिबंध को सही ठहराते हुए दो व्यक्तियों को बहुविवाह का दोषी ठहराया। दोषी ठहराये गये व्यक्तियों में से एक की 25 पत्नियां और 146 बच्चे हैं जबकी दूसरे की पांच पत्नियां हैं।

विंस्टन ब्लैकमोर और जेम्स मैरियन ओलेर को देश के बहुविवाह कानून के मुताबिक दोषी पाए जाने के बाद अधिकतम पांच साल जेल की सजा हो सकती है।

रिपोर्ट्स के अनुसार कनाडा में यह कानून 127 वर्ष पहले लागू हुआ था। दोनों के खिलाफ आरोप तय किए जाने पर विचार के लिये बीते दो दशकों में तीन विशेष वकीलों को नियुक्त किया गया था, लेकिन वे इन चिंताओं के कारण पीछे हट गए कि बहुविवाह को प्रतिबंधित करने वाला कानून कनाडा के संविधान में प्रदत्त धार्मिक स्वतंत्रता के अधिकार का उल्लंघन करता है।

वर्ष 2011 में ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने इस आशंका को खत्म कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले में फैसला सुनाया था कि बहुविवाह में अंतर्निहित नुकसान धार्मिक स्वतंत्रता पर सीमाएं लगाये जाने को न्यायोचित ठहराते हैं। इस फैसले से ब्लैकमोर एवं ओलेर के खिलाफ आरोप तय करने का रास्ता साफ हो गया।

ब्रिटिश कोलंबिया सुप्रीम कोर्ट की न्यायाधीश शेरी ऐन डोनेगन ने अपने फैसले में कहा कि मुख्य प्रतिवादी ब्लैकमोर ने अपने बहुविवाह से इनकार नहीं किया।

source: upuklive.com

Wednesday, July 19, 2017

एयरपोर्ट की तरह बना ये श्मशान घाट, नाम है- अंतिम उड़ान मोक्ष यात्रा


गुजरात के बारडोली में श्मशान घाट को एयरपोर्ट थीम पर बनाया गया है। किसी की अंतिम यात्रा को सुखद बनाने के लिए ये श्मशान घाट बिल्कुल एयरपोर्ट की तरह बनाया गया है।यही नहीं इस एयरपोर्ट का नाम अंतिम उड़ान मोक्ष यात्रा रखा गया है।

जब भी इस श्मशान घाट पर कोई शव अंतिम संस्कार के लिए आता है तो यहां एयरपोर्ट की तरह घोषणा होती है। यहां हवाई जहाज के दो रेप्लिका भी रखे गए हैं, इनका नाम मोक्ष एयरलाइन्स और स्वर्ग एयरलाइन्स हैं।

घोषणा में यह बताया जाता है कि शव की एंट्री किस गेट से होनी है। यहां मृतक के परिजनों को सांत्वना देने के लिए भी इंतजाम किए गए हैं। इस श्मशान के अध्यक्ष सोमाभाई पटेल ने बताया कि मिन्ढोला नदी के किनारे स्थित यह श्मशान मोक्ष एयरपोर्ट में तब्दील हो गया है। बारडोली के लोग इसे श्मशान नहीं बल्कि मोक्ष एयरपोर्ट के रूप देखेंगे। श्मशान शब्द काफी कटु है, यही वजह है कि इसे अंतिम उड़ान मोक्ष एयरपोर्ट नाम दिया गया है।'

इस श्मशान में 5 चितास्थल हैं। तीन चितास्थलों पर इलेक्ट्रिक मशीन से दाह संस्कार किया जाता है। शव को जलाने पर हवाई जहाज की आवाज आती है। गौरतलब है कि लगभग 40 गांवों से लोग यहां अंतिम संस्कार करवाने के लिए आते हैं।

source: haribhoomi.com

Tuesday, July 18, 2017

इस नंबर पर कॉल बैक करना पड़ सकता है भारी, हो सकता है बड़ा नुकसान


आजकल पूरी दुनिया में एक नए तरह का स्कैम चल रहा है। One Ring Scam एक नए टाइप का स्कैम है जिससे कई लोग अफेक्टेड हो रहे हैं।

इसमें आपको मिसकॉल आते हैं। यह कॉल ज्यादा रात में किए जाते हैं जो सुबह आपको मिसकॉल के रूप में दिखाई देते हैं। इस पर कॉल बैक करने पर ही आप मुसीबत में फंस जाते हैं।

अक्सर इसमें विक्टिम को इंटरनेशनल नंबर्स से कॉल आते हैं। अक्सर हम यह जानने के लिए कि किसने और क्यों इतनी रात को फोन किया है कॉलबैक करते हैं। यहीं से प्रॉब्लम शुरू हो जाती है। यह स्कैम जापान से शुरू हुआ है इसे Wangiri Scam भी कहते हैं। इसका मतलब One ring cut होता है।

इन नंबर्स से रहे सावधान
यही हैं वे नंबर्स जिनसे लोगों को मिसकॉल किए जा रहे हैं। इन नंबर्स से कॉल आने पर इन्हें इग्नोर करें। न तो इन्हें रिसीव करें न ही इन पर कॉल बैक करें।
Burundi (+257)
Malawi (+265)
Pakistan (+92)
Russia (+7)
Nigeria (+234)
Tunisia (+216)
Belarus (+375)

कट रहे हैं पैसे
रनीता डिसूजा को रात 1.35 बजे (+216) कोड से कॉल आया। जैसे ही वे फोन उठाने वाली थी फोन कट गया। रनीता ने कॉल बैक किया। फोन तो रिसीव हुआ लेकिन कोई रिस्पांस नहीं मिला। जब उन्होंने फोन रखा उनके अकाउंट से 60 रुपए कट गए।

जैसे ही आप इन अननोन नंबर्स पर कॉल करते हैं। आपको सैकड़ों स्पैम आने लगते हैं। कई बार आपको होल्ड पर रख दिया जाता है और पूरा बैलेंस खत्म हो जाता है। इसके साथ ही कई बार आपके फोन को भी हैक कर लिया जाता है।

इंटरनेशनल नंबर पर आने वाले मिस कॉल पर बैक कॉल न करें। अगर कोई आपसे बात करना चाहता है तो वो आपको फिर से कॉल करेगा या मैसेज करेगा। अगर आप गलती से कॉल बैक कर देते हैं उसे उसे तुरंत डिस्कनेक्ट कर दें। ऐसे कॉल्स पर कभी भी पर्सनल डिटेल शेयर न करें।

ट्रूकॉलर जैसी ऐप्स यूज करें जो कॉलर को आइडेंटिफाई करते हैं। अगर ट्रू कॉलर पर दिखाई जा रही डिटेल से आप सेटिस्फाई नहीं है तो फोन न उठाए न करें।

source: dailynews360.com

Thursday, July 13, 2017

अमिताभ बच्चन ने कुमार विश्वास को भेजा नोटिस, मिला ये जवाब


महानायक अमिताभ बच्चन और आम आदमी पार्टी के नेता व कवि कुमार विश्वास का ट्विटर वॉर शुरू हो चुका है। दरअसल, कुमार विश्वास ने अमिताभ के पिता कवि हरिवंश राय बच्चन की एक कविता गाई और उसे यूट्यूब पर अपलोड किया था।

इसी के चलते उन्होंने कुमार को ट्वीट किया था। इसमें अमिताभ ने लिखा था कि वो कॉपीराइट मामले के चलते कुमार विश्वास को लीगर नोटिस भेजेंगे।

अमिताभ ने लिखा, 'ये कॉपीराइट का उलंघन है। हमारा लीगल डिपार्टमेंट इस पर एक्शन लेगा।
अब कुमार विश्वास ने अमिताभ बच्चन को जवाब दिया और लिखा, 'सभी कवियों से मुझे इसके लिए प्रशंसा मिली लेकिन आपसे नोटिस। बाबूजी को श्रद्धांजलि देने वाले ट्वीट डिलीट कर रहा हूं। साथ ही मांगने पर 32 रुपए भेज रहा हूं जो इससे कमाए है।'
कुमार विश्वास ने हरिवंश राय बच्चन की 'नीड़ का निर्माण' कविता गाई थी और यूट्यूब पर अपलोड भी किया था। वो यूट्यूब पर 'तर्पण' नाम से अपने वीडियो शेयर करते हैं और 8 जुलाई को उन्होंने इस कविता को शेयर किया था। हालांकि कुमार विश्वास ने जब इस कविता को शेयर किया तो बकायदा हरिवंश राय बच्चन को क्रेडिट भी दिया था।

source: amarujala.com

Wednesday, July 12, 2017

इस जोड़े ने पीएम मोदी की पॉलिसी पर तोड़ी अपनी शादी


भारत में राजनीति एक अहम मुद्दा है और आजकल के युवा इसे गंभीरता से लेते भी हैं। लेकिन उत्तर प्रदेश के एक जोड़े ने इस मुद्दे को इतनी गंभीरता से ले लिया कि उन्हें अपनी शादी तोड़नी पड़ गई।

इस जोड़े ने अपनी शादी बस इस वजह से तोड़ी क्योंकि उन दोनों की सोच पीएम मोदी को लेकर अलग-अलग थी। उत्तर प्रदेश के एक व्यवसायी की शादी एक सरकारी नौकरी करने वाली महिला से तय थी। यह जोड़ा एक मंदिर में शादी करने पहुंचा।

सबकुछ सही चल ही रहा था तभी बातों-बातों में किसी ने भारत की अर्थव्यवस्था धीमी होने की बात छेड़ दी। लड़की का कहना था कि जो इंसान अर्थव्यवस्था की इस हालत के लिए जिम्मेदार है वो पीएम मोदी ही हैं। लड़का मोदी समर्थक था और उसका कहना था कि ऐसा हो ही नहीं सकता।

धीरे-धारे बात बढ़ती गई और दोनों ने अपने परिवार वालों से कहा कि वो ये शादी नहीं कर सकते। गौरतलब है कि शादी तोड़ने के ऐसे अजीब कारण इससे पहले भी सामने आए हैं। एक लड़की ने अपनी शादी इस वजह से तोड़ दी थी क्योंकि उसका दूल्हा गणित का एक सवाल नहीं हल कर पाया था।

source: haribhoomi.com

तानाशाह गद्दाफी के साथ क्या कर रही थीं कैटरीना कैफ, फोटो हो रही वायरल


दुनिया के इतिहास में जितने भी तानाशाह हुए हैं उनमें से ज्यादातर खूबसूरती के कायल माने जाते थे। इतिहास के ऐसे चंद लोगों में लीबिया के तानाशाह गद्दाफी का नाम भी आता है। गद्दाफी अपने इर्द-गिर्द हसीनाओं की टोली रखता था और दुनिया भर की हसीनाओं का दीदार करने का एक भी मौका जाने नहीं देता था।

कहा जाता है कि गद्दाफी हॉलीवुड की तमाम खूबसूरत अदाकाराओं के साथ रहा करते थे। अब इस लिस्ट में बॉलीवुड की खूबसूरत बालाओं का नाम भी आ गया है। सोशल मीडिया पर बालीवुड की कुछ एक्ट्रेस की तस्वीरें गद्दाफी के साथ वायरल हो रही हैं। हालांकि ये तस्वीरें पुरानी हैं लेकिन लोगों के सामने पहली बार आई हैं।

तस्वीर का सच!

बताया जा रहा है कि ये फोटो किसी फैशन प्रोग्राम की हैं जहां बॉलीवुुड की कुछ हीरोइन्स भी पहुंची थी। तस्वीर में कैटरीना के अलावा, नेहा धूपिया, अदिति गोवित्रकर के अलावा शमिता सिंह भी दिखाई दे रहीं हैं। ये फोटो मॉडल शमिता सिंह ने अपने इंस्ट्राग्राम पर पोस्ट की थी, लेकिन कमेंट्स पर लोगों का गुस्सा देखकर उन्हें ये फोटो हटानी पड़ी।

फोटो में कैटरीना कैफ काफी छोटी लग रही है। 15 साल पहले की इस तस्वीर से कैटरीना की उम्र का अनुमान लगाया जाए तो कटरीना उस वक्त वह महज 18 साल की रही होंगीं। कटरीना के साथ नेहा धूपिया और अदिति भी काफी छोटी दिखाईं दे रही हैं।

source: firkee.in

Tuesday, July 11, 2017

WhatsApp को UPI पेमेंट के लिए मिली NPCI की हरी झंडी, जल्द ही भेज सकेंगे पैसे


एक लंबे इंतजार के बाद मैसेजिंग ऐप व्हाट्सऐप को नेशनल पेमेंट कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया ने यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) पेमेंट के लिए हरी झंडी दे दी है।

एनपीसीआई से परमिशन मिलने के बाद व्हाट्सऐप स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैंक, आईसीआईसीआई और एक्सिस बैंकों से बात कर रहा है। अब जल्द ही आप व्हाट्सऐप के जरिए पेमेंट कर सकेंगे। NPCI के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ ए पी होता ने व्हाट्सऐप को UPI पेमेंट की अनुमति देने की पुष्टि की है।

बता दें कि यह पहला मौका है NPCI ने किसी मोबाइल ऐप को पेमेंट के लिए मल्टी बैंक पार्टनरशिप की अनुमति दी है। हालांकि व्हाट्सऐप में यह फीचर कब दिया जाएगा इसकी अभी कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। बता दें कि इससे पहले ट्रू कॉलर और हाइक भारत में यूपीआई पेमेंट सर्विस दे रहे हैं।

गौरतलब है कि अमेजॉन और ऊबर ऐप्स को UPI पेमेंट देने की बात चल रही है। इसकी टेस्टिंग आखिरी चरण में है। यूपीआई पेमेंट देने वाली कंपनियों की लिस्ट में गूगल का भी नाम है।

source: amarujala.com

Monday, July 10, 2017

होटल और रेस्तरां जबरन वसूल रहे Service charge तो कंज्यूमर कोर्ट में करें शिकायत


सरकार ने उपभोक्ताओं को सलाह देते हुए कहा कि अगर रेस्तरां और होटल जबरन सर्विस चार्ज लेते हैं तो वे इसके खिलाफ कंज्यूमर कोर्ट में जा सकते हैं। रेस्तरां में भोजन पर लगने वाले सर्विस चार्ज को लेकर सरकार ने एक बार फिर उपभोक्ताओं को सलाह दी है। उपभोक्ता मामलों के विभाग ने कहा कि रेस्तरां द्वारा जो खाने पर सर्विस चार्ज लगाया जा रहा है गैर-कानूनी है। वर्णनीय है कि सरकार ने बीते अप्रैल में भी दिशा-निर्देश जारी किए थे, जिसमें रेस्तरां द्वारा जबरन सर्विस चार्ज वसूलने को रोकना था। इस दौरान विभाग ने कहा कि उपभोक्ता की खुद की मर्जी है कि वह सर्विस चार्ज देना चाहता है या नहीं।


Tip देना भी निर्भर करता है उपभोक्ता पर
उपभोक्ता विभाग के सचिव अविनाश के. श्रीवास्तव ने कहा कि सर्विस चार्ज और इसी तरह की कुछ चीज जैसे टिप ये सभी उपभोक्ता पर निर्भर करता है कि वह देना चाहता है या नहीं। इसके लिए रेस्तरां मालिक उससे जबरदस्ती नहीं कर सकते। हमने अप्रैल में इस संबंध में गाइडलाइंस भी जारी कीं जिसमें साफ तौर पर कहा गया कि अगर कोई रेस्तरां उनसे जबरन सर्विस चार्ज वसूलता है तो वे कंज्यूमर कोर्ट जा सकते हैं। उपभोक्ता हमसे भी इसकी शिकायत कर सकते हैं जिसके बाद हम उन्हें जानकारी देंगे कि वे कैसे संबंधित रेस्तरां के खिलाफ अदालत में अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसमें हमारी भूमिका मध्यस्थता और अनुनय की होगी।

source: punjabkesari.in

Wednesday, July 5, 2017

एक देश ऐसा जहां चलती है राम नाम की मुद्रा! जानिये क्या है सच?


भारत की संस्कृति में राम नाम घुला हुआ हैं। यह वो देश है जहां राम पैदा हुए और उन्होंने अपनी भी लीलाएं यही पर की। आज तक लोग राम राज्य की बात करते हैं। यहां तक की इस देश की राजनीति में भी राम नाम का बड़ा महत्व है। इसके नाम से कई सरकारे बनती हैं और बिगड़ती हैं।

भारत में इतना मान-सम्मान पाकर भी देश की मुद्राओं पर वह अपना स्थान प्राप्त नहीं कर सकें। जब कि एक यूरोपीय देश नीदरलैंड ऐसा हैं।


इस देश में राम नाम की मुद्रा 2002 में जारी की गयी थी। उसका उपयोग तीसरी दुनिया के देशों में विकास और गरीबी मिटाने के लिए इस मुद्रा का उपयोग किया जाता हैं।

इस मुद्रा में भगवान राम की फोटो के साथ कामधेनु और कल्पवृक्ष की फोटो दिखाई देती हैं। सबसे सुखद बात यह है कि अमेरिका के करीब 35 देशों में इन नोटों का इस्तेमाल किया जाता हैं।


नीदरलैंड में कानूनी रूपी से राम नाम की मुद्रा को मान्यता प्राप्त हैं। इस देश में एक राम के बदले दस यूरों मिलते हैं। इस वक्त इस देश में लाखों राम नाम के नोट बाजार में हैं। यह मुद्रा 1, 5 और 10 के रूप में मौजूद हैं।

source: samacharjagat.com

Sunday, July 2, 2017

बरमूडा ट्रायंगल में उभरा एक आईलैंड, रहस्‍य और गहराया


बरमूडा ट्रायंगल यानि की बरमूडा त्रिकोण अक्‍सर ही अपने रहस्‍यमय होने की वजह से चर्चा में रहता है। इन द‍िनों फ‍िर इसमें अब एक नया रहस्‍य उजागर हुआ है। इसमें एक नया आईलैंड होने की बात सामने आ रही है। हालांक‍ि अभी इस बात की पुष्‍टि‍ नही हो पाई है। इस रहस्‍य को सुलझाने की कोश‍िश जारी है। वहीं लोगों को इसके खतरे से आगाह कर दि‍या गया है।

स्‍थानीय लोग हुए शॉक्‍ड 
उत्तरी बरमूडा महासागर का पश्चिमी क्षेत्र बरमूडा ट्रायंगल के नाम से आज पूरी दुनिया में जाना जाता है। यहां का इतिहास बन चुका है कि इस ट्रायंगल में जो भी फंस जाता है कभी वापस नहीं आता है। अब तक इसके आगोश में कई बड़े विमान समा चुके हैं। वहीं इन द‍िनों अब इसके बीच में एक आईलैंड यानी क‍ि द्वीप के होने की चर्चा है। यह द्वीप अचानक से इस बरमूडा ट्रायंगल के बीच द‍िखाई देने लगा है। यह बक्सटन, उत्तरी कैरोलिना, में केप प्वाइंट द‍िखाई दे रहा है। रेत के इस आईलैंड को देखकर स्‍थानीय लोग काफी शॉक्‍ड हो रहे हैं। यह द्वीप करीब एक मील लंबा और 400 फुट से अधिक चौड़ा प्रतीत हो रहा है।


करीब जाने से मना क‍िया
इस संबंध में पर्यटक जेनिस रेगन और उनके 11 वर्षीय पोते का कहना है कि‍ अप्रैल के समय जब उन्‍होंने इसे देखा था तब यह काफी छोटा था। देखते ही देखते इतने कम समय में काफी बड़ा हो गया है। वहीं जेनिस रेगन और उनके पोते के अलावा और भी कई लोगों ने इस द्वीप को बनते देखा है। वहीं अब तक कई फोटोग्राफर्स और विज‍िटर इस रहस्‍यमयी जगह को देखने आ चुके हैं। वहीं केप हैटरस नेशनल सीशोर के अधीक्षक डेव हालाक ने लोगों को चेतावनी दी है। उन्‍होंने लोगों को उस रहस्‍यमयी जगह के करीब जाने से मना क‍िया है। उनका कहना है इस संद‍िग्‍ध जगह पर लोगों को जाने व तैरने से बचना चाह‍िए।


पश्चिम अटलांटिक महासागर
वहीं इस संबंध में उत्‍तरी कैरोल‍िनी के बीच बगी एशोस‍िएशन के अध्‍यक्ष ब‍िल स्‍म‍िथ का कहना है क‍ि वहां उसके नजदीक और भी खतरे हो सकते हैं। अभी इसके कुछ द‍िन पहले एक ट्रक के रूप में व‍िशालकाय शार्क वहां पर नीचे की सतह में देखी गई है। वह करीब 5 फुट लंबी थी। इसल‍िए अभी उस शार्क को लेकर भी च‍िंता जताई जा रही है। हालांक‍ि इस रहस्‍यमयी जगह में न‍िश्‍च‍ित रूप से क्‍या है क‍ि इस बात की पुष्‍ट‍ि नहीं हो पाई है। बतादें क‍ि यह बरमूडा ट्रायंगल उत्तर पश्चिम अटलांटिक महासागर में है। यह अमेरिका, यूरोप और कैरेबियन में बंदरगाहों के लिए जाने का व‍िशेष रास्‍ता है, लेक‍िन यह बहुत खतरनाक है।


एयरक्राफ्ट और जहाज गायब
अब तक 100 वर्षों में इसमें कई एयरक्राफ्ट और जहाज यहां से गायब हो चुके हैं। सबसे खास बात तो यह बरमूडा ट्रायंगल के रहस्य को सुलझाने के कई दावे किए जा चुके हैं लेकिन अभी इसका पुख्‍ता प्रमाण कुछ भी नहीं मिला। अभी तक जितना सुनने में आया है कि बरमूडा ट्रायंगल के अंदर एक पिरामिड छुपा है, जो चुम्बक की तरह हर चीज को खींचता है। लगातार जहाजों के गायब होने के चलते तकरीबन 500 साल बाद इसे 'डेंजर रीजन' का नाम दिया गया। बरमूडा ट्रायंगल में 5 दिसंबर 1945 को अमेरिकी नेवी के पांच बम वर्षक विमान अटलांटिक महासागर में डूब गए थे।

source: inextlive.jagran.com

Saturday, July 1, 2017

GST लागू होने के बाद न करें ये गलतियां वरना हो सकती है जेल और जुर्माना


वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) को मोदी सरकार ने आधी रात में लागू करने का ऐलान कर दिया। जीएसटी के ऐलान के बाद ही ये साफ हो गया है कि देशभर में सिर्फ एक ही टैक्स लगेगा। संसद का सेंट्रल हॉल इस बदलाव का गवाह बना, जहां केंद्र के बड़े मंत्री समेत कई सरकारी अधिकारी मौजूद थे। जीएसटी के लागू होने अगर टैक्स भरने में कटौती या उसमें कोई गड़बड़ी की जाती है, तो लोगों को जेल जाना पड़ सकता है।
  • अगर कोई टैक्स कम भरता है, तो उसे 10 हजार का जुर्माना और बचे हुए टैक्स पर 10 फीसदी टैक्स डेफिसिट भी भरना होगा।
  • अगर कोई टैक्स में कटौती या चोरी करता है तो उसे करीब 5 साल की सजा काटनी पड़ सकती है।
  • जीएसटी के लागू होने के बाद अगर कोई 50 लाख से 2.5 करोड़ रुपये की कर चोरी करता है तो उसे 3 साल की सजा होगी।
  • अगर कोई 2.5 करोड़ रुपये से ज्यादा की कर चोरी करता है तो उसे 5 साल की जेल तो होगी ही साथ ही जुर्माना भी भरना पड़ेगा।
  • अगर नए कानून के उल्लंघन हुआ और पहले से कोई जुर्माना निर्धारित नहीं हो तो फिर भी आरोपी को 25 हजार रुपये का जुर्माना भरना होगा।
  • टैक्स कर्ता बिल (इन्वॉयस) में हेर-फेर, अधिकारियों को कर से जुड़ी गलत जानाकारी देना या गलत तरीके से सप्लाई करते हैं तो भी सलाखों के पीछे पहुंचना पड़ सकता है।
source: amarujala.com

Thursday, June 29, 2017

एडवांस्ड सिक्यॉरिटी फीचर्स के साथ RBI ने शुरु की 200 रुपये के नोट की छपाई


केंद्र की मोदी सरकार जल्द 200 रुपए का नोट प्रचलन में लाने की तैयारी में है। इसके लिए सभी तैयारियां पूरी हो चुकी है और RBI (रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया) ने नए नोट की छपाई भी शुरू कर दी है। माना जा रहा है कि 200 रुपए के नए नोट को प्रचलन में लाने के पीछे RBI का मकसद लोगों के लिए लेन-देन आसान करना है। दरअसल नोटबंदी के बाद आए 2000 रुपए के नए नोट से आम आदमी के लिए खुले पैसों की किल्लत बढ़ गई है।

एडवांस्ड फीचर्स के साथ आएगा नया नोट
200 रुपए के नए नोटों में कई एडवांस्ड सिक्यॉरिटी फीचर्स होंगे। अथॉरिटीज इस बारे में अतिरिक्त सावधानी बरत रही हैं ताकि इनके नकली नोट न तैयार किए जा सकें।

अगले 2-3 महीने में जारी होगा 200 रुपए का नया नोट!
अंग्रेजी बिजनेस न्यूज पेपर इकनॉमिक टाइम्स में छपी खबर के मुताबिक आरबीआई की ओर से कुछ सप्ताह पहले ही इन नोटों की छपाई का आदेश दिया गया है। इसके बाद से ही सरकारी प्रिंटिंग प्रेस में इन नोटों की छपाई का काम चल रहा है। पहले इन नोटों को जुलाई में जारी किए जाने की बात की जा रही थी, लेकिन अब इसमें कुछ देरी हो सकती है। आपको बता दें कि इकनॉमिक टाइम्स ने RBI को ई-मेल भेजा था, लेकिन उनके पास अभी तक जवाब नहीं आया है।

नए नोट से लेन-देन होगा अासान
एसबीआई में ग्रुप चीफ इकॉनमिस्ट के तौर पर काम करने वाले सौम्या कांति घोष ने इकनॉमिक टाइम्स को बताया कि दैनिक लेन-देन के मकसद से 200 रुपए के नोट लाए जाने से कामकाज में आसानी होगी। नोटबंदी में हटाए गए नोटों के एक हिस्से की भरपाई 2,000 रुपए के नोटों के जरिए हुई है, जबकि 500 रुपए के नोटों ने काफी हद तक इस कमी को पूरा करने का काम किया है। लेकिन, यह काफी नहीं था।उन्होंने कहा कि 200 रुपये के नोटों को जारी किए जाने के बाद छोटी करंसी के संकट से निजात मिल सकेगी, जिसकी कमी लोग 500 रुपए के पुराने नोटों को बंद किए जाने के बाद से ही महसूस कर रहे हैं।

मार्च की बैठक में हुआ था फैसला 
आरबीआई बोर्ड की मार्च में हुई मीटिंग में 200 रुपये के नोटों को लागू करने का फैसला लिया था। इससे पहले सरकार भी नागरिकों के लिए इस्तेमाल में आसान रहने वाले नोट को जारी करने पर विचार कर रही थी।

Source: paisa.khabarindiatv.com

Friday, June 23, 2017

क्‍या आप जानते हैं आपका आधार कार्ड हो सकता है बेकार?


आधार कार्ड अब एक महत्‍वपूर्ण दस्‍तावेज बन चुका है। वित्‍तीय लेनदेन और सरकार की सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में इसकी अनिवार्यता की वजह से हरकिसी को इसे अपने पास रखना जरूरी हो गया है। भले ही आपके पास आधार कार्ड है, लेकिन क्‍या आप यह जानते हैं कि यह बेकार भी हो सकता है? UIDAI हेल्‍पलाइन और आधार पंजीकरण सेंटर के अधिकारियों के मुताबिक यदि आप अपने आधार का लगातार तीन सालों तक कोई इस्‍तेमाल नहीं करते हैं तो यह इनएक्टिव हो सकता है।

यदि पिछले तीन लगातार सालों में आपके आधार का इस्तेमाल नहीं हुआ है, यानी, आपने इसे किसी बैंक खाते या पैन से लिंक नहीं किया है या ईपीएफओ को आधार डिटेल्स देने से लेकर पेंशन क्लेम करने जैसे दूसरे लेनदेन में इसका इस्तेमाल नहीं किया है, तो आपका आधार डीएक्‍टीवेट किया जा सकता है।

कैसे अपने आधार का स्‍टेट्स चेक कर सकते हैं-
  1. UIDAI वेबसाइट (uidai.gov.in) के होमपेज पर आधार सर्विसेज टैब के नीचे ‘वैरिफाई आधार नंबर’ का विकल्प दिया गया है।
  2. जैसे ही आप 'वैरिफाई आधार नंबर' पर क्लिक करेंगे आप एक नए पेज पर पहुंच जाएंगे।
  3. नए पेज में अपना आधार नंबर और कैप्‍चर वर्ल्‍ड डालने के बाद वैरिफाई पर क्लिक करें।
  4. ऐसा करने के बाद अगर हरे रंग का सही का निशान आता है, तो मतलब है कि आपका आधार एक्टिव है।

डीएक्‍टीवेट आधार को ऐसे करें एक्‍टीवेट
  1. अगर आपका आधार सक्रिय नहीं है तो आपको संबंधित दस्तावेजों के साथ करीब के एनरॉलमेंट सेंटर जाना होगा।
  2. आपको वहां आधार अपडेट फॉर्म भरना होगा और आपके बायोमीट्रिक्स दोबारा वैरिफाई किए जाएंगे और उन्हें अपडेट कर दिया जाएगा।
  3. अपडेशन के लिए आपको एनरॉलमेंट सेंटर में 25 रुपए की फीस भी देनी होगी।
  4. इस प्रक्रिया के दौरान आपको अपना एक वैलिड मोबाइल नंबर बताना होगा।

Source: paisa.khabarindiatv.com

Wednesday, June 21, 2017

अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर विशेष: 'जीवात्मा और परमात्मा के मिलन को कहते हैं योग'


योग शब्द का अर्थ है समाधि लगाना। योग क्रिया को परमात्मा से मेल का साधन भी माना जाता है। श्रीमद्भागवत गीता में श्री कृष्ण जी ने कहा है कि योग: कर्मसु कौशलम् अर्थात कर्मों में कुशलता को योग कहते हैं। श्रीमद्भागवत गीता के छठे अध्याय में पारंपरिक योग के अभ्यास, ध्यान पर चर्चा करते हुए कर्म योग, भक्ति योग और ज्ञान योग के बारे में बताया गया है। कुछ विद्वानों का मत है कि जीवात्मा और परमात्मा के मिल जाने को योग कहा जाता है।

योग भारतीय धरोहर होने की वजह से हमारी जीवन शैली में इसका विशेष महत्व है। दुनिया के कई हिस्सों में योग का प्रचार और प्रसार हो चुका है। इसे करने से शरीर और मन दोनों स्वस्थ रहते हैं। योग से कई तरह की बीमारियों पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इसे करने के लिए कोई विशेष उम्र की जरूरत नहीं पड़ती बस मन में इसे करने की ललक होनी चाहिए। 5 से 90 वर्ष तक की उम्र वर्ग के लोग किसी भी प्रशिक्षित योग विशेषज्ञ के निर्देशन में इसे कर सकते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से संयुक्त राष्ट्र ने 2 वर्ष पूर्व 21 जून को अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाने की घोषणा की थी।

योग के प्रकार 
योग की प्रमाणिक पुस्तकों में शिवसंहिता और गौरक्षशतक में योग के 4 प्रकारों का वर्णन मिलता है। योग के ये 4 प्रकार मंत्रयोग, हठयोग, लययोग और राजयोग हैं। योग की उच्चावस्था तक पहुंचने के लिए साधक समाधि और मोक्ष जैसी क्रियाओं का प्रयोग करता है। श्रीमद्भागवत गीता में ज्ञानयोग और कर्मयोग 2 प्रकार के योग का वर्णन मिलता है।

भारत में योग 5 हजार वर्ष पुराना 
योग की उत्पत्ति भारत में लगभग 5000 वर्ष से पूर्व की मानी जाती है। प्राचीन काल से ही वेदों में योग का उल्लेख मिलता है। सिंधु घाटी की सभ्यता से मिली मूर्तियां भी योग और समाधि की मुद्रा को प्रदर्शित करती हैं। ऋषि पतंजलि को योग दर्शन का संस्थापक माना जाता है।

योग के आठ अंग यानी अष्टांग योग इसका आधार बन गया है 

  1. यम : हमें जिंदगी में अहिंसा, झूठ नहीं बोलना, गैर लोभ, गैर विषयाशक्ति और गैर स्वामीगत जैसा व्यवहार रखना चाहिए।
  2. नियम : जिंदगी में 5 धार्मिक क्रियाओं में पवित्रता, संतुष्टि, तपस्या, अध्ययन और भगवान को आत्मसमर्पण जैसी भावनाओं को अपनाना चाहिए।
  3. आसन : पतंजलि योग में ध्यान लगाने के लिए आसन का प्रयोग करना चाहिए। योग के लिए बैठने के आसन का प्रयोग करना चाहिए।
  4. प्राणायाम : पतंजलि योग सूत्र में शरीर की शक्ति को नियंत्रित करने के लिए सांस को शरीर में रोकने की प्रक्रिया है।
  5. प्रत्याहार: शरीर को स्वस्थ रखने के लिए मन की भावनाओं को नियंत्रण में रखना।
  6. धारणा : शरीर की शक्तियों को नियंत्रित करने के लिए मन को एकाग्र करके आसानी से लक्ष्य की प्राप्ति की जा सकती है। एक ही लक्ष्य पर ध्यान लगाकर सारी शक्ति को उसे प्राप्त करने के लिए लगाना।
  7. ध्यान : लक्ष्य की प्राप्ति के लिए गहन चिंतन करने के लिए ध्यान लगाने का प्रयोग किया जाता है।
  8. समाधि : यह योग पद्धति की चरम अवस्था है। आत्मा को परमात्मा तक पहुंचाने के लिए समाधि क्रिया की जाती है। सविकल्प और अविकल्प 2 प्रकार से समाधि लगाई जाती है।

'शारीरिक स्वास्थ्य के लिए योग वरदान से कम नहीं' 
योगासन शारीरिक स्वास्थ्य के लिए वरदान से कम नहीं है क्योंकि इसे सही निर्देशन में करने से इसका शरीर के समस्त भागों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। योगासन करने से शरीर में स्नायु तंत्र, रक्ताभिगमन तंत्र और श्वासोच्छवास तंत्र की क्रियाएं व्यवस्थित रूप से कार्य करती हैं। योग के प्रयोग से मनुष्य का सर्वपक्षीय विकास होता है। योगासन करने से शरीर चुस्त रहता है। शरीर की भीतरी ग्रंथियां दुरुस्त रहती हैं तथा पाचन शक्ति की विभिन्न गड़बडिय़ों को दूर करने में सहायक होता है। योगासन रीढ़ की हड्डी को लचीला बनाते हैं। योगासन से मांसपेशियों को शक्ति मिलती है।

Source: punjabkesari.in

Tuesday, June 20, 2017

क्या कभी देखा है भारत के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का मंदिर

Mahatma Gandhi ka Mandir  Read more at: http://www.merahindiblog.com/2017/06/mahatma-gandhi-ka-mandir-aapne-dekha.html

महात्मा गांधी ने भारत की स्वतंत्रता के लिए अपना सब कुछ बलिदान कर दिया था। इस बात को सब भारतवासी मानते हैं। आज तक हमने महात्मा गांधी के स्टेच्यू तो कई जगह देखे हैं। लेकिन क्या आप महात्मा गांधी के मंदिर के बारे में जानते हैं।

ओडिसा के सम्बलपुर जिले में भटारा गांव एक मंदिर ऐसा हैं। जो पूरी तरह से राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के सिद्धांतों को मानते हैं। इस मंदिर में महात्मा गांधी की 6 फीट की मूर्ति है।

1928 में महात्मा गांधी इस गांव में आए थे तब से ही इस गांव के लोग भक्त हैं। यहां पर महात्मा गांधी के सिद्धांतों का पालन किया जाता है। साथ ही पूजा और प्रार्थना के समय उनके उपदेश्य सुनाए जाते हैं।

इस मंदिर के निर्माण के पीछे कारण सदियों से चली आ रही परम्पराएं थी। जिसकी वजह से कई मंदिरों में 'हरिजनों' का प्रवेश वर्जित था। 1971 में जब अभिमन्यु विधायक के समय में इस मंदिर का निर्माण कार्य शुरू हुआ।

इस मंदिर के निर्माण में लोगों ने अपने सामथ्र्य के अनुसार सहायता की। मंदिर में रखी महात्मा गांधी की मूर्ति का निर्माण खलीकोट आर्ट कॉलेज के छात्रों ने किया था।

Source: samacharjagat.com

Monday, June 19, 2017

इस चमत्कार मंदिर में लगातार बढ़ रहा है गणेश मूर्ति का आकार


कहते हैं कि भारत चमत्कारों का देश है। कोई गलत नहीं कहते। वाकई कुछ बातें ऐसी हैं जो किसी चमत्कार से कम नहीं हैं। ऐसी ही एक बात जुड़ी है भगवान गणेश के मंदिर से। कनिपक्कम गणपति मंदिर के बारे में यदि आप नहीं जानते तो कोई बात नहीं हम आपको सुनाते हैं यहां की कहानी जिसे सुनने के बाद आप भी दांतों तले उंगलियां दबा लेंगे।

- आंध्र प्रदेश स्थित कनिपक्कम विनायक मंदिर नदी के बीचों बीच स्थित है।
- यहां स्थित गणपति की मूर्ति का आकार अपने आप लगातार बढ़ रहा है।
- इसका निर्माण चोल वंश के शासकों ने 11 शताब्दी में करवाया था।
- इसके बाद विजयनगर के शासकों ने वर्ष 1336 में इसका विस्तार किया।

अनूठी है मंदिर की कहानी

कहानी के मुताबिक तीन भाई थे जिनमें से एक गूंगा, दूसरा बहरा और तीसरा अंधा था। तीनों ने मिलकर जमीन का एक छोटा सा टुकड़ा खरीदा। खेती के लिए पानी की जरुरत थी इसलिए तीनों ने उस कुंए को खोदना शुरू किया जो सूख चुका था। काफी खोदने के बाद पानी निकला। उसके बाद थोड़ा और खोदने पर एक पत्थर दिखाई दिया। जिसे हटाने पर लाल पानी निकला और तीनों भाई सही हो गए। जब ये खबर गांववालों तक पहुंची तो वो भी मौके पर पहुंचे। तभी सभी को वहां प्रकट स्वयंभू गणेशजी की मूर्ति दिखाई दी, जिसे वहीं पानी के बीच ही स्थापित किया गया। आज भी उस कुएं में पानी लबालब रहता है।

बढ़ रहा है मूर्ति का आकार

कहते हैं कि इस मंदिर में मौजूद विनायक की मूर्ति का आकार हर दिन बढ़ता ही जा रहा है। कहा जाता है कि विनायक की एक भक्त ने उन्हें एक कवच भेंट किया था, लेकिन प्रतिमा का आकार बढऩे की वजह से अब उसे पहनाना मुश्किल हो गया है। करीब 50 साल पहले एक भक्त ने इस मूर्ति के नाप का ब्रेसलेट दान किया था, जो पहले इस मूर्ति के हाथ में सही आता था। लेकिन अब वह ब्रेसलेट मूर्ति के हाथ में नहीं आता।

नदी भी है चमत्कारी
सिर्फ मूर्ति ही नहीं बल्कि जिस नदी के बीचों बीच विनायक विराजमान हैं वो भी चमत्कारी है। कहते हैं संखा और लिखिता नाम के दो भाई थे। वो दोनों कनिपक्कम के लिए निकले, रास्ते में थक जाने पर लिखिता को भूख लगी। उसने एक पेड से आम तोड़ लिया। उसके भाई ने उसकी शिकायत पंचायत में की तो उसके हाथ काट दिए गए। कहते हैं लिखिता ने बाद में कनिपक्कम के पास स्थित इसी नदी में अपने हाथ डाले थे, जिसके बाद उसके हाथ फिर से जुड़ गए। तभी से इस नदी का नाम बहुदा रख दिया गया, जिसका मतलब होता है आम आदमी का हाथ।

Source: ashwaghosh.com

Sunday, June 18, 2017

दुनिया का इकलौता काला शेर, इसकी तस्वीर हर किसी को हैरान कर रही है...


आपने वैसे तो कई प्रजातियों के शेर देखे होंगे लेकिन हमारा दावा है आपने कभी काला शेर नहीं देखा होगा। हाल ही में एक काले शेर की तस्वीरें सोशल मीडिया पर सबका ध्यान आकर्षित कर रही हैं।

सोशल मीडिया पर इस काले शेर को देखकर सभी हैरान हैं और इसे दुनिया का इकलौता काला शेर कहा जा रहा है क्योंकि आज तक काला शेर नहीं देखा गया है।


इस काले शेर की फोटो को सोशल मीडिया पर शेयर किया गया और टाइटल दिया गया “ये एक दुर्लभ शेर है और दुनिया में इकलौता भी”। काले शेर की ये तस्वीर देखकर वन विभाग वाले भी चौंक गए क्योंकि आज से पहले काला शेर कभी नहीं देखा गया।

ये तस्वीर देखकर आपके भी मन में इसके बारे में जानने की इच्छा होगी। लेकिन बता दे कि इसके पीछे की सच्चाई कुछ और ही है। दरअसल, काले रंग का कोई बब्बर शेर होता ही नहीं है और तस्वीर में जो काला शेर दिख रहा है वो फोटोशॉप की एडिटिंग का कमाल है।

दरअसल ये एक सफ़ेद रंग का बब्बर शेर है जिसे फोटोशॉप की मदद से काला कर दिया गया और सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया गया। सोशल मीडिया पर इसकी तस्वीर फैलने के बाद आग की तरह फैल रही है।


Source: http://thehook.news

Saturday, June 17, 2017

बैंक के रवैये से हैं परेशान तो आपके पास है बैंकिंग लोकपाल की ताकत


बैंकिंग कामकाज निपटाने में अक्‍सर हमें मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। सामान्‍य बचत खाता हो या फिर क्रेडिट कार्ड या फिर अन्‍य कोई समस्‍या, बैंक कर्मचारी टोल फ्री नंबर का पता बता कर अपना पल्‍ला झाड़ लेते हैं। लेकिन अक्‍सर बैंक के ये कॉल सेंटर भी आम लोगों की समस्‍या को हल नहीं कर पाते। ऐसे में ग्राहक वापस बैंक के पास जाता है जहां उसकी सुनवाई नहीं होती। अक्‍सर हम लोग भी बैंक की इन्‍हीं गलतियों के शिकार होते हैं, लेकिन उचित माध्‍यम न होने के चलते कार्रवाई नहीं कर पाते। लेकिन शायद आपको पता नहीं बल्कि आपके पास बैंकिंग लोकपाल एक बेहद मजबूत अधिकार है। बैंक अगर आपकी किसी शिकायत को अनसुना किया जा रहा है तो आप बैंकिंग लोकपाल का दरवाजा खटखटा सकते हैं।

कौन होता है बैंकिंग लोकपाल 
बैंकिंग लोकपाल एक वरिष्ठ अधिकारी होता जिसे आरबीआई बैंकिंग सेक्टर से जुड़ी उपभोक्ताओं की शिकायतों का निवारण करने के लिए नियुक्त करता है। मौजूदा समय में 15 बैंकिंग लोकपाल नियुक्त किए गए हैं। जिनके ऑफिस अधिकतर राज्यों की राजधानी में हैं। इस योजना के अंतर्गत सभी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक,क्षेत्रीय ग्रमीण बैंक और अनुसूचित प्राथमिक सहकारी बैंक शामिल हैं। कोई भी अधिकृत प्रतिनिधि शिकायत दर्ज करा सकते हैं। सबसे खास बात यह है कि बैंकिंग लोकपाल शिकायत का निवारण करने के लिए  किसी भी तरह का कोई भी शुल्क नहीं लगता।

किस प्रकार के मामलों में लोकपाल तरजीह देता है-
  1. किसी भी तरह के भुगतान या चेक, ड्राफ्ट, बिल के कलेक्शन में देरी या न होने के स्थिति में।
  2. आरबीआई के निर्देशों में निर्धारित शुल्क से ज्यादा लेने के संबंध में सुवाई की जाती है।
  3. बैंक की ओर से की गई लापारवाही या पिर किसी और वजह से चेक के भुगतान में देरी को लेकर भी शिकायत दर्ज करा सकते है।
  4. अगर बैंक एकाउंट खोलने या बंद करने में किसी भी तरह की आनाकानी के विषय में शिकायत कर सकते हैं। 5. आरबीआई के निर्देश अनुसार से ब्याज दरों को मुहैया न कराना या फिर तय सीमा से ज्यादा लेना भी शिकायत का विषय है।
  5. आरबीआई की ओर से दिए गए क्रेडिट या डेबिट कार्ड संबंधी निर्देशों के उल्लंघन पर भी शिकायत कर सकते है।
  6. अगर बैंक आपको किसी भी सेवा के लिए माना करता है।
  7. यदि बैंक कर भुगतान लेने से मना कर दे।
  8. अगर बैंक बिना किसी कारण के डिपॉजिट एकाउंट खोलने को मना कर दे।
  9. अगर बैंक किसी भी पूर्व सूचना के बिना अपने उपभोक्ताओं से ज्यादा शुल्क लेता है तो उस स्थिति में भी आप शिकायत दर्ज करा सकते है।
  10. बिना पर्याप्त सूचना और वाजिब कारण के आपके डिपॉजिट एकाउंट को जबरन बंद करना
  11. आपके एकाउंट को बंद में देरी या फिर माना करना
  12. बैंकों की ओर से पारदर्शी प्रक्रिया कोड का पालन न करना
  13. बैंकिंग और अन्य सेवाओं के संबंध में आरबीआई की ओर से जारी निदेशों के उल्लंधन से संबंधित अन्य कोई मामला
  14. काम करने के निर्धारित समय का पालन न करना
  15. बैंक के लिखित निर्देशों के बावजूद किसी भी सेवा लोन के अलावा मुहैया करने में नाकामी या देरी की स्थिति में भी शिकायत दर्ज की जा सकती है।
  16. ड्राफ्ट, भुगतान आदेश और बैंकर्स चेक जारी करने में देरी या जारी न करना
  17. सिक्कों को बिना किसी पर्याप्त कारण के स्वीकार न करना और उसके संबंध में कमीशन लेना

कैसे करें बैंकिंग लोकपाल में शिकायत  
इसके लिए पहले आपको अपने बैंक में शिकायत दर्ज करानी होगी। यदि आपके पास एक महीने के भीतर बैंक से कोई जवाब नहीं आता या फिर आप जवाब से संतुष्ट नहीं हैं तो बैंकिंग लोकपाल से संपर्क कर सकते है। शिकायतें लिखित में पोस्ट यो फैक्स के जरिए की जाती है। ऑनलाइन शिकायतें ई-मेंल के जरिए की गई भी स्वीकार हो जाती है।

बैंकिंग लोकपाल के कार्यालय के पते, फोन नंबर और ईमेल जानने के लिए यहां क्लिक करें

https://www.rbi.org.in/Scripts/bs_viewcontent.aspx?Id=164

ऑनलाइन एप्लाई करने के लिए

https://secweb.rbi.org.in/BO/precompltindex.htm

शिकायत में ये जरूर लिखें-
  1. शिकायत में अपना नाम, पता, मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी जरूर दें
  2. जिस बैंक के खिलाफ शिकायत कर रहें है 3. उसका नाम, पता औक ब्रांच
  3. शिकायत करने की वजह
  4. नुकसान की प्रकृति और संदर्भ
  5. क्या राहत चाहते है।

Source: paisa.khabarindiatv.com